बुधवार, 1 मई 2013

फूल



"जो ज़िन्दा  हैं उन्ही के लिए हर एक ग़म  है 
ज़हे नसीब कि फूलों की ज़िंदगी कम है…। "

8 टिप्‍पणियां:

शुक्रिया, साथ बना रहे …।